Categories

October 9, 2026

घराट

खबर पहाड़ से-

नहाने समय मजदूर उफनते नदी के तेज बहाव में बहकर टापू पर फंसा, SDRF ने किया रेस्क्यू

1 min read

नहाने के दौरान यमुना नदी में एक मजदूर बह गया, लेकिन गनीमत रही कि मजदूर नदी के बीच पत्थर में फंस गया.

उत्तरकाशी: उत्तराखंड में भारी बारिश से नदी नाले उफान पर बह रहे हैं. पुलिस-प्रशासन की चेतावनी को भी लोग अनदेखा कर रहे हैं. वहीं उत्तरकाशी जिले के यमुनोत्री रोड पर खरादी क्षेत्र में यमुना नदी के तेज बहाव के बीच एक मजदूर फंस गया. जिसे SDRF की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सकुशल बचा लिया. घटना के दौरान नदी में बह रहा युवक किसी तरह बीच नदी में स्थित एक चट्टान को पकड़कर उसके ऊपर चढ़ गया था.

बड़कोट को स्थानीय व्यक्ति के माध्यम से सूचना मिली कि खरादी क्षेत्र में एक व्यक्ति यमुना नदी के बीच फंसा हुआ है. सूचना मिलते ही सब इंस्पेक्टर आशुतोष चौहान के नेतृत्व में SDRF टीम महज कुछ मिनटों में आवश्यक रेस्क्यू उपकरणों के साथ घटनास्थल के लिए रवाना हो गई. घटनास्थल पर SDRF टीम ने देखा कि नदी के बीच एक व्यक्ति तेज बहाव के बीच चट्टान पर फंसा हुआ है.

पूछताछ में उसकी पहचान सुजीत यादव पुत्र नरेश यादव, निवासी ग्राम पुरंदरपुर, थाना नौतन, जिला बेतिया, बिहार के रूप में हुई. सुजीत यादव पेशे से मजदूरी करता है. बताया गया कि सुजीत यमुना नदी में स्नान कर रहा था. इसी दौरान अचानक उसका पैर फिसल गया और वह तेज बहाव में बहने लगा.

जान बचाने की कोशिश में उसने नदी के बीच एक चट्टान को पकड़ लिया और उस पर चढ़ गया, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने तत्काल इसकी सूचना SDRF को दी. SDRF टीम ने मौके पर पहुंचकर त्वरित रेस्क्यू अभियान चलाते हुए युवक को नदी के तेज बहाव से सुरक्षित बाहर निकाल लिया. रेस्क्यू के बाद युवक को सकुशल उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया.

गौर हो कि उत्तराखंड में भारी बारिश का दौर जारी है. भारी बारिश से प्रदेश के कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित हो गया है. कई संपर्क मार्ग भूस्खलन से लगातार बाधित हो रहे हैं. जिससे लोगों को अतिरिक्त दूरी नापनी पड़ रही है. भूस्खलन की वजह से कई मकान जमींदोज हो गए हैं और कई मकान भूस्खलन की जद में हैं. वहीं मौसम विभाग द्वारा लंबे समय से अलर्ट जारी कर लोगों को सतर्क किया जा रहा है. साथ ही राहत बचाव टीम को एक्टिव मोड पर रखा गया है.

Spread the love

More Stories

You may have missed